पटना नगर निगम ने आउटसोर्सिंग पर काम करने वाले करीब पांच हजार सफाईकर्मियों के लिए एक महत्वपूर्ण फैसला लिया है। अब इन कर्मचारियों के मानदेय में अखिल भारतीय उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI) के आधार पर हर छह महीने में बढ़ोतरी की जाएगी। यह नई व्यवस्था 1 अप्रैल 2025 से प्रभावी रूप से लागू होगी। इस निर्णय का उद्देश्य शहर की सफाई व्यवस्था में लगे मजदूरों को आर्थिक मजबूती और सम्मान देना है।

किसे और कितना मिलेगा वेतन वृद्धि का लाभ

नगर निगम की 21वीं सशक्त स्थायी समिति की बैठक में यह तय किया गया कि किसी भी आउटसोर्सिंग कर्मी को सरकार द्वारा निर्धारित दैनिक मजदूरी से कम भुगतान नहीं होगा। जिस प्रकार निगम के नियमित दैनिक कर्मियों का वेतन हर छह महीने में बढ़ता है, अब वही नियम आउटसोर्सिंग कर्मियों पर भी लागू होगा। इस फैसले से लगभग 4,887 श्रमिकों को सीधा फायदा मिलने जा रहा है।

श्रमिक श्रेणी पुरानी दर (रुपये) नई दर (रुपये) कुल वृद्धि
अकुशल (Unskilled) 400 424 6%
अर्ध-कुशल (Semi-skilled) 400 440 10%
कुशल (Skilled) 436 536 23%
अति-कुशल (Highly Skilled) 436 654 50%

अधिकारियों और कर्मचारी यूनियन की प्रतिक्रिया

महापौर सीता साहू ने इस फैसले को श्रमिकों की आर्थिक सुरक्षा और सम्मान की दिशा में एक बड़ा कदम बताया है। नगर आयुक्त यशपाल मीणा ने भी भरोसा दिलाया कि नई मजदूरी दरों को समय पर लागू किया जाएगा और आउटसोर्सिंग एजेंसियां वेतन भुगतान में किसी भी प्रकार की देरी नहीं करेंगी। इस घोषणा के बाद पटना नगर निगम संयुक्त कर्मचारी समन्वय समिति के प्रतिनिधियों ने महापौर से मिलकर आभार व्यक्त किया। निगम का लक्ष्य केवल काम लेना नहीं बल्कि कर्मचारियों को बेहतर कार्य वातावरण और सुरक्षा देना है।

Swasti is Patna Local Journalist covering patna and nearby news, views and Interviews.

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *