पटना के दक्षिणी इलाके में रहने वाले लोगों के लिए कनेक्टिविटी की समस्या जल्द ही खत्म होने वाली है। परसा बाजार से संपतचक बाजार के बीच 6.8 किलोमीटर लंबी फोरलेन सड़क के निर्माण को लेकर प्रशासनिक तैयारी तेज हो गई है। बिहार सरकार ने इस सड़क के लिए 330.24 करोड़ रुपये के बजट को मंजूरी दे दी है। इस प्रोजेक्ट के पूरा होने से पटना के दक्षिणी उपनगरों में रहने वाले लगभग 5 लाख लोगों को सीधा फायदा होगा और उन्हें रोजाना के भारी ट्रैफिक जाम से छुटकारा मिलेगा।
प्रोजेक्ट की मुख्य विशेषताएं और वर्तमान स्थिति
इस सड़क का निर्माण पथ निर्माण विभाग यानी RCD की देखरेख में किया जा रहा है। प्रोजेक्ट को लेकर जरूरी सोशल इम्पैक्ट असेसमेंट का काम ADRI संस्था को सौंपा गया है। यह टीम जमीन अधिग्रहण से पहले स्थानीय लोगों की राय और मुआवजे की स्थिति का जायजा लेगी। प्रशासनिक मंजूरी मिलने के बाद अब विभाग टेंडरिंग प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी में है।
| मुख्य बिंदु | विवरण |
|---|---|
| कुल लंबाई | 6.8 किलोमीटर |
| सड़क की चौड़ाई | 14 मीटर (फोरलेन) |
| कुल बजट | 330.24 करोड़ रुपये |
| पुल और पुलिया | 9 छोटे-बड़े पुल |
| शामिल गांव | चिपूरा और बदलाचक |
ट्रैफिक और जलजमाव से कैसे मिलेगी राहत
यह नई सड़क पुराने NH-83 पटना-गया मार्ग को स्टेट हाईवे-1 पटना-मसौढ़ी से जोड़ने का काम करेगी। इसके बनने से पटना में प्रवेश करने और बाहर निकलने वाले वाहनों के लिए एक बेहतरीन बाईपास तैयार हो जाएगा। यह सड़क मीठापुर-महुली एलिवेटेड रोड नेटवर्क के साथ मिलकर काम करेगी जिससे दक्षिण पटना का ट्रैफिक लोड काफी कम हो जाएगा।
प्रोजेक्ट की एक बड़ी खासियत इसका ड्रेनेज सिस्टम है। इलाके में अक्सर होने वाले जलजमाव को देखते हुए सड़क के साथ RCC बॉक्स कल्वर्ट का निर्माण किया जाएगा। इससे मानसून के दौरान परसा और संपतचक के रिहायशी इलाकों में पानी जमा होने की समस्या का स्थायी समाधान निकलने की उम्मीद है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने फरवरी 2025 में अपनी प्रगति यात्रा के दौरान इस प्रोजेक्ट की घोषणा की थी।

