एयर मार्शल विक्रम गौर ने रचा इतिहास, बने DMA के अतिरिक्त सचिव
एयर मार्शल विक्रम गौर रक्षा मंत्रालय के सैन्य मामलों के विभाग में अतिरिक्त सचिव नियुक्त हुए हैं। वह यह पद संभालने वाले पहले वायु सेना अधिकारी हैं।

भारतीय वायु सेना के एक जांबाज अधिकारी ने रक्षा क्षेत्र में एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। एयर मार्शल विक्रम गौर को रक्षा मंत्रालय के सैन्य मामलों के विभाग (Department of Military Affairs - DMA) में अतिरिक्त सचिव नियुक्त किया गया है।
वायु सेना के पहले अधिकारी
एयर मार्शल विक्रम गौर की यह नियुक्ति बेहद खास है क्योंकि वह इस महत्वपूर्ण पद को संभालने वाले पहले भारतीय वायु सेना (IAF) अधिकारी बन गए हैं।
फाइटर पायलट के रूप में शानदार करियर
एक कुशल फाइटर पायलट के रूप में उनकी पहचान रही है। उनके पास विभिन्न लड़ाकू विमानों पर उड़ान भरने का व्यापक अनुभव है:
- उड़ान के घंटे: उनके पास 3,200 से अधिक घंटों का फ्लाइंग अनुभव है।
- विशेषज्ञता: उन्होंने Su-30MK जैसे शक्तिशाली लड़ाकू विमानों को उड़ाने में महारत हासिल की है।
महत्वपूर्ण सैन्य जिम्मेदारियां
अपने करियर के दौरान, उन्होंने कई रणनीतिक और महत्वपूर्ण पदों पर कार्य किया है, जिनमें शामिल हैं:
- संयुक्त सचिव (वायु और स्टाफ ड्यूटी)
- जम्मू और कश्मीर तथा लद्दाख के एयर ऑफिसर कमांडिंग
उनकी यह नई भूमिका रक्षा मंत्रालय के भीतर सैन्य मामलों के प्रबंधन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।