अररिया: स्कूलों में गूंजे गांधी-शास्त्री के विचार, बच्चों ने ली शपथ

अररिया जिले के तमाम शिक्षण संस्थानों में शुक्रवार को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती बड़े ही उत्साह के साथ मनाई गई। जिले के प्राथमिक, मध्य, माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक विद्यालयों सहित अन्य संस्थानों में इन महान विभूतियों को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
महापुरुषों के आदर्शों से रूबरू हुए छात्र
इस अवसर पर आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से विद्यार्थियों को महात्मा गांधी के सत्य, अहिंसा और सामाजिक सद्भाव जैसे महान सिद्धांतों के बारे में विस्तार से बताया गया। शिक्षकों ने बच्चों को समझाया कि कैसे गांधीजी के विचार आज के समय में भी उतने ही प्रासंगिक हैं जितने पहले थे।
प्रतियोगिताओं के जरिए दिखाई प्रतिभा
छात्रों की रचनात्मकता और ज्ञान को परखने के लिए स्कूलों में कई तरह की प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। इनमें मुख्य रूप से शामिल थे:
- निबंध लेखन प्रतियोगिता
- पेंटिंग और चित्रकला
- भाषण प्रतियोगिता
स्वच्छता और विकसित भारत का संकल्प
गांधी जयंती के मौके पर केवल विचार ही साझा नहीं किए गए, बल्कि धरातल पर भी सक्रियता दिखाई गई। कई विद्यालयों में प्रभातफेरी निकाली गई और स्वच्छता अभियान चलाया गया। इस दौरान विद्यार्थियों और शिक्षकों ने मिलकर एक स्वच्छ, स्वस्थ और नशामुक्त समाज के निर्माण का संकल्प लिया।
"कार्यक्रमों के माध्यम से विद्यार्थियों को महात्मा गांधी के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने और विकसित भारत की संकल्पना को साकार करने के लिए प्रेरित किया गया।"
इन कार्यक्रमों का मुख्य उद्देश्य बच्चों को न केवल महापुरुषों के जीवन से परिचित कराना था, बल्कि उन्हें स्वच्छता, नशा मुक्ति और सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक कर एक बेहतर नागरिक बनाना भी था।