शिखर अग्रवाल के लिए ही बनी क्या ये योजना? गहलोत का राजस्थान सरकार पर हमला

आईएएस शिखर अग्रवाल की संपत्तियों को लेकर राजस्थान में सियासी बवाल। अशोक गहलोत ने सरकार की जांच पर उठाए सवाल।

Ghazala Saheb1 November 20262 min read0 viewsBihar
शिखर अग्रवाल के लिए ही बनी क्या ये योजना? गहलोत का राजस्थान सरकार पर हमला

IAS अधिकारी शिखर अग्रवाल और उनके परिवार द्वारा की गई कथित संपत्ति खरीद को लेकर राजस्थान की राजनीति में जबरदस्त उबाल आ गया है। पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने इस मामले में राज्य सरकार की कार्यप्रणाली पर तीखे सवाल खड़े किए हैं और सरकार की मंशा पर संदेह जताया है।

40 विला और करोड़ों की संपत्ति का मामला

यह पूरा विवाद आईएएस शिखर अग्रवाल द्वारा पिछले ढाई वर्षों में की गई संपत्तियों की खरीद से जुड़ा है। आरोप है कि अग्रवाल और उनके परिवार ने एक ही कंपनी से लगभग 40 विला कॉटेज खरीदे हैं, जिनकी कुल कीमत करीब 6 करोड़ रुपये बताई जा रही है। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने जांच शुरू कर दी है।

गहलोत का सरकार पर सीधा हमला

पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने इस मामले में सरकार की कार्रवाई को बेहद नाकाफी बताया है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या यह पूरी योजना ही शिखर अग्रवाल को बचाने के लिए बनाई गई है? गहलोत ने कहा, "इतने बड़े मामले में, 6 करोड़ रुपये की संपत्ति—40 विला! क्या यह योजना सिर्फ शिखर अग्रवाल के लिए बनाई गई थी? मुख्यमंत्री को इसका जवाब देना चाहिए।"

गहलोत ने आरोप लगाया कि सरकार ने केवल औपचारिकताएं पूरी की हैं। उन्होंने कहा कि अधिकारी को केवल 'एवेटिंग पोस्टिंग ऑर्डर्स' (APO) पर रखा गया और जांच की अनुमति भी बहुत आसानी से दे दी गई।

'क्लीन चिट' देने की साजिश का आरोप

राजस्थान कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह dotasra ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को निशाने पर लिया। उन्होंने कहा कि शिखर अग्रवाल मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) में अतिरिक्त मुख्य सचिव (ACS) जैसे महत्वपूर्ण पद पर तैनात थे। dotasra के अनुसार, जब इतने ऊंचे पद पर बैठे अधिकारी पर ऐसे गंभीर आरोप लगें, तो केवल एक जांच बिठा देना पर्याप्त नहीं है।

उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा, "आज मेरी बात लिख लीजिए: इस जांच में उन्हें क्लीन चिट दे दी जाएगी और निर्दोष घोषित कर दिया जाएगा। इसके बाद मुख्यमंत्री अपने भाषणों में कहेंगे कि हमने तुरंत कार्रवाई की और कुछ नहीं मिला, जिससे वे अपनी ईमानदारी का ढोंग कर सकें।"

IPS पत्नी पर भी गिरी गाज

इस विवाद के बाद विभाग ने आदेश जारी कर आईएएस शिखर अग्रवाल के साथ-साथ उनकी पत्नी, आईपीएस अधिकारी प्रसाखा माथुर को भी APO पर लगा दिया है। प्रसाखा माथुर वर्तमान में पुलिस (योजना) की अतिरिक्त महानिदेशक के रूप में कार्यरत हैं।

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