अशोक सिंघल की जन्मशताब्दी पर किशनगंज में विचार गोष्ठी का आयोजन

किशनगंज के दिगंबर जैन भवन में रविवार को एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। विश्व हिंदू परिषद (विहिप) और बजरंग दल के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस विचार गोष्ठी का मुख्य उद्देश्य विहिप के पूर्व अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष स्वर्गीय अशोक सिंघल की जन्मशताब्दी को सम्मान देना था।
राष्ट्र और धर्म के प्रति समर्पण का प्रतीक थे अशोक सिंघल
कार्यक्रम का औपचारिक शुभारंभ मुख्य अतिथि और विहिप के केंद्रीय मंत्री अरुण कुमार सहित अन्य गणमान्य व्यक्तियों द्वारा दीप प्रज्जवलित कर किया गया। इस अवसर पर वक्ताओं ने अशोक सिंघल के जीवन और उनके द्वारा किए गए कार्यों पर विस्तार से चर्चा की।
मुख्य वक्ता अरुण कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि अशोक सिंघल ने अपना संपूर्ण जीवन राष्ट्र, धर्म और समाज की सेवा के लिए समर्पित कर दिया। उन्होंने जोर देकर कहा कि:
"सिंघल के प्रयासों और नेतृत्व से हिंदू समाज में जागरूकता एवं आत्मविश्वास का संचार हुआ। उनके विचार, आदर्श और जीवन मूल्य आज भी समाजसेवा के लिए प्रेरणा देते हैं।"
उन्होंने आगे कहा कि अशोक सिंघल का जीवन राष्ट्र एवं समाज के प्रति समर्पण का एक अनुपम उदाहरण है। उनके कार्यों और विचारों को नई पीढ़ी तक पहुँचाना तथा उनके बताए मार्ग पर चलकर समाजहित में कार्य करना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
संगठन के कार्यों और सामाजिक दायित्वों पर चर्चा
गोष्ठी में विहिप के प्रांत मंत्री राणा रणधीर सिंह ने भी अपने विचार साझा किए। उन्होंने अशोक सिंघल के सामाजिक एवं धार्मिक योगदान को स्मरण करते हुए कहा कि उनके जीवन से प्रेरणा लेना समाज के लिए आवश्यक है। कार्यक्रम के दौरान संगठन की भविष्य की गतिविधियों और समाज के प्रति उत्तरदायित्वों पर भी गहन चर्चा की गई।
इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम में कई प्रमुख व्यक्तित्व उपस्थित रहे, जिनमें शामिल थे:
- मनोज गट्टानी (जिलाध्यक्ष, विहिप)
- सुनील तिवारी
- विहिप एवं बजरंग दल के अन्य समर्पित कार्यकर्ता
कार्यक्रम के समापन पर सभी उपस्थित लोगों ने एक साथ संकल्प लिया कि वे अशोक सिंघल के महान विचारों और उनके जीवन के योगदान को समाज के हर कोने तक पहुँचाने का निरंतर प्रयास करेंगे।