अंतरिक्ष यात्री शुभांशु शुक्ला ने युवाओं के लिए स्पेस सेक्टर में अवसरों पर की बात

लखनऊ. भारतीय वायु सेना के ग्रुप कैप्टन और अंतरिक्ष यात्री शुभांशु शुक्ला ने भारत के अंतरिक्ष क्षेत्र पर बड़ी बात कही है। उन्होंने साल 2030 तक सालाना 50 स्पेस लॉन्च के लक्ष्य का जिक्र किया है।
- युवा पीढ़ी के लिए स्पेस सेक्टर में बढ़ रहे हैं अवसर।
- प्राइवेट सेक्टर भी तेजी से हो रहा है विस्तार।
- स्कूल के बच्चों के लिए भविष्य में होंगे करियर के ढेरों विकल्प।
अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन जाने वाले पहले भारतीय शुभांशु शुक्ला ने कहा कि हम मानव अंतरिक्ष मिशन पर काम कर रहे हैं। प्राइवेट सेक्टर भी तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि अल्फा और जेन जेड बहुत समझदार हैं और उन्हें सही दिशा की जरूरत है।
शुक्ला ने बच्चों को ध्यान भटकाव से बचने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि परिवार और दोस्तों की सफलता में बड़ी भूमिका होती है। उनके अपने मिशन के पीछे इसरो टीम, परिवार और दोस्तों का बड़ा योगदान था।
भारत अपने अंतरिक्ष सामर्थ्य को मजबूत कर रहा है। सरकारी एजेंसियों और प्राइवेट कंपनियों के बीच सहयोग बढ़ रहा है। इससे एयरोस्पेस इंजीनियरिंग और अंतरिक्ष अनुसंधान में करियर के नए रास्ते खुलेंगे।