औरंगाबाद में गांजा की बड़ी खेप: टाइल्स के गोदाम से 30 लाख का माल बरामद

बिहार के औरंगाबाद में गांजा की बड़ी खेप बरामद होने से हड़कंप मच गया है। पुलिस और नारकोटिक्स विभाग की संयुक्त छापेमारी में एक ऐसे तस्करी रैकेट का भंडाफोड़ हुआ है, जो टाइल्स के कारोबार की आड़ में अवैध मादक पदार्थों का भंडारण कर रहा था।
टाइल्स के गोदाम की आड़ में तस्करी का खेल
यह पूरी कार्रवाई बरुन थाना क्षेत्र के अंतर्गत राष्ट्रीय राजमार्ग-19 पर स्थित प्रीतमपुर के पास की गई। छापेमारी के दौरान अधिकारियों ने 2 क्विंटल 25 किलोग्राम गांजा जब्त किया है, जिसकी बाजार में अनुमानित कीमत लगभग 30 लाख रुपये आंकी गई है।
जांच में पता चला है कि संदिग्धों ने पकड़े जाने से बचने के लिए एक बेहद शातिर योजना बनाई थी। उन्होंने टाइल्स का व्यापार करने के बहाने एक गोदाम किराए पर लिया था, ताकि किसी को शक न हो। इस वैध व्यावसायिक गतिविधि के पीछे वे बड़े पैमाने पर गांजा तस्करी का नेटवर्क चला रहे थे।
छापेमारी से पहले ही फरार हुए आरोपी
पुलिस की इस बड़ी कार्रवाई के दौरान मुख्य आरोपी मौके पर नहीं मिले। जैसे ही टीम ने गोदाम पर धावा बोला, संदिग्ध अपराधी वहां से भाग निकलने में सफल रहे। अधिकारियों को संदेह है कि छापेमारी से पहले ही तस्करों ने गांजे का कुछ हिस्सा किसी अन्य सुरक्षित स्थान पर शिफ्ट कर दिया होगा।
जांच के घेरे में तस्करी का नेटवर्क
इस सफल ऑपरेशन का नेतृत्व मद्य निषेध एवं उत्पाद विभाग के निरीक्षक नवीन कुमार सिंह, उप-निरीक्षक राजेश कुमार और कांस्टेबल गौतम कुमार ने किया। पुलिस अब इस मामले की गहराई से जांच कर रही है ताकि निम्नलिखित पहलुओं का पता लगाया जा सके:
- यह गांजा किस स्रोत से लाया गया था?
- इसे कहां और किन लोगों को सप्लाई किया जाना था?
- इस तस्करी नेटवर्क में और कौन-कौन से बड़े नाम शामिल हैं?
प्रशासन का कहना है कि इस पूरे मामले की विस्तृत जांच जारी है और जल्द ही इस अवैध कारोबार में शामिल सभी दोषियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।