बिहार विधानसभा चुनाव की घोषणा, तीन चरणों में 6 नवंबर से होगी वोटिंग

भारत निर्वाचन आयोग ने औपचारिक रूप से घोषणा कर दी है कि बिहार विधानसभा चुनाव इस नवंबर में तीन अलग-अलग चरणों में होंगे। इस समयसीमा के तहत 243 निर्वाचन क्षेत्रों में 7.64 करोड़ पंजीकृत मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे।
चुनाव कार्यक्रम
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के अनुसार, मतदान 6 नवंबर, 11 नवंबर और 16 नवंबर को होगा। सभी निर्वाचन क्षेत्रों के लिए मतगणना की प्रक्रिया 20 नवंबर को निर्धारित की गई है। अधिकारियों के अनुसार पहले चरण में भाग लेने वाले उम्मीदवारों को 17 अक्टूबर तक अपने नामांकन अंतिम रूप से दाखिल करने होंगे।
बुनियादी ढांचा और मतदाता लॉजिस्टिक्स
आगामी चुनाव प्रक्रिया के लिए मतदाता पहुंच एक मुख्य केंद्र बिंदु बनी हुई है। निर्वाचन आयोग मतदाताओं को संभालने के लिए 1.06 लाख मतदान केंद्र तैनात करेगा, जो 2020 के चुनाव चक्र के दौरान उपयोग किए गए 90,000 केंद्रों से एक महत्वपूर्ण वृद्धि है। कुल पंजीकृत मतदाताओं में से 42 लाख व्यक्ति पहली बार मतदान करने वाले मतदाता के रूप में भाग ले रहे हैं। इस चक्र में बूथ निगरानी में तकनीक एक नई भूमिका निभाती है। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने कहा कि पारदर्शिता बढ़ाने के लिए पहली बार हर एक मतदान केंद्र पर वेबकास्टिंग की जाएगी।
नियामक मानक और खर्च की सीमा
निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए आदर्श आचार संहिता पूरे राज्य में तुरंत प्रभाव से लागू हो गई है। उम्मीदवारों को आयोग द्वारा निर्धारित वित्तीय दिशानिर्देशों का सख्ती से पालन करना होगा। प्रत्येक उम्मीदवार के लिए खर्च की सीमा प्रति निर्वाचन क्षेत्र 40 लाख रुपये तय की गई है। यह सीमा पिछले चुनाव से अपरिवर्तित है।
प्रमुख आंकड़ों का संक्षिप्त विवरण
कुल निर्वाचन क्षेत्र: 243, कुल पंजीकृत मतदाता: 7.64 करोड़, पहली बार मतदाता: 42 लाख, कुल मतदान केंद्र: 1.06 लाख, उम्मीदवार खर्च सीमा: 40 लाख रुपये। चुनाव प्रक्रिया अब उम्मीदवार दाखिल करने और स्थानीय प्रचार के चरण में प्रवेश करेगी। प्रत्येक राजनीतिक दल वर्तमान में तीन-चरण की इस घटना के लिए अपनी रणनीति तैयार कर रहा है।