ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग: पटना में कांग्रेस का राजभवन मार्च

बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। पटना में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने राजभवन तक एक विशाल विरोध मार्च निकाला और ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने जमकर नारेबाजी की, जिसके बाद पुलिस ने प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम सहित कई बड़े नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया।
लोकतंत्र बचाने के लिए आर-पार की लड़ाई
शहीद स्मारक से शुरू हुआ यह मार्च राजभवन की ओर बढ़ रहा था। मार्च का नेतृत्व कर रहे प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जब तक मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार अपने पद से इस्तीफा नहीं देते, तब तक देश में लोकतंत्र और चुनावी प्रक्रिया पर जनता का भरोसा बहाल नहीं हो सकता।
"कांग्रेस जनता के वोट और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए आर-पार की लड़ाई लड़ रही है। वोट चोरों को गद्दी से हटाकर ही दम लेंगे। जनता के वोट पर किसी को डाका डालने की इजाजत नहीं दी जाएगी।"
राजेश राम ने आगे कहा कि चुनाव लोकतंत्र की बुनियाद है और यदि चुनावी प्रक्रिया पर सवाल उठते हैं, तो इससे पूरी लोकतांत्रिक व्यवस्था की विश्वसनीयता खत्म हो जाती है। उन्होंने चेतावनी दी कि लोकतंत्र को कमजोर करने वालों और देशद्रोहियों के खिलाफ कांग्रेस का संघर्ष सड़क से लेकर हर मंच तक जारी रहेगा।
पुलिस की कार्रवाई और नेताओं की हिरासत
प्रदर्शन के दौरान माहौल काफी गरमाया हुआ था। जैसे ही कांग्रेस कार्यकर्ता राजभवन की ओर बढ़े, पुलिस ने मोर्चा संभाल लिया। पुलिस ने प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम समेत कई प्रमुख नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया, जिन्हें बाद में अलग-अलग थानों में रखा गया।
मार्च में शामिल प्रमुख नेता और कार्यकर्ता
इस विरोध प्रदर्शन में कांग्रेस के विभिन्न पदों पर आसीन नेताओं और हजारों कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लिया। मार्च में शामिल प्रमुख लोगों में शामिल हैं:
- कपिलदेव प्रसाद यादव (अध्यक्ष, अनुशासन समिति)
- डॉ शकील अहमद खान
- प्रेमचन्द्र मिश्रा (पूर्व विधान पार्षद)
- डॉ समीर कुमार सिंह
- डॉ अजय कुमार पासवान (मीडिया चेयरमैन)
- मनोज विश्वास (विधायक)
- विजय शंकर दूबे (पूर्व विधायक)
- बंटी चौधरी, इजहारूल हुसैन, मुन्ना तिवारी
- ऋषि मिश्रा, आनन्द शंकर, असितनाथ तिवारी
- ब्रजेश पाण्डेय, पंकज यादव, मिन्नत रहमानी
- ज्ञान रंजन, डा संजय यादव, डा कुमारी सोनी
- कमल कमलेश, वैद्यनाथ शर्मा, कुमार आशीष
- प्रेमचन्द सिंह, अफरोज खान, अमित कुमार, उमैर खान
- सुधीर शर्मा, शशि भूषण पंडित, मंजीत आनन्द साहू
- शशांत शेखर, मुकुल यादव, सत्येन्द्र कुमार सिंह
- रीता सिंह, हसीब अनवर, विनीता भगत, उदय शंकर पटेल
- नदीम अख्तर अंसारी, विमलेश तिवारी, निधि पाण्डेय
- पूनम यादव, कुमारी अनिता, मेनका कुमारी, रोहित कुमार पासवान
- असदुल्लाह, आशुतोष शर्मा, चंदन सिंह, रंजीत कुमार बाल्मीकि
- राहुल भारद्वाज, दुर्गा प्रसाद अबरार रजा, डा परवेज, शिवम राज
इस मार्च में प्रदेश पदाधिकारियों और जिला अध्यक्षों सहित हजारों की संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित थे, जिन्होंने एकजुट होकर चुनाव आयोग के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया।