बिहार में संविदा चिकित्सकों के मानदेय में बड़ी वृद्धि, एक सितंबर से लागू होगी नई दरें

Ghazala Saheb8 September 20261 min read22 viewsBihar
बिहार में संविदा चिकित्सकों के मानदेय में बड़ी वृद्धि, एक सितंबर से लागू होगी नई दरें

बिहार सरकार ने राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पतालों में संविदा पर कार्यरत विभिन्न पदों के चिकित्सकों के मानदेय में वृद्धि कर दी है। स्वास्थ्य विभाग ने इस संबंध में आदेश जारी कर संशोधित मानदेय की नई दरें निर्धारित की हैं। यह बढ़ा हुआ मानदेय एक सितंबर 2026 से प्रभावी होगा। इस प्रस्ताव पर प्राधिकृत समिति की अनुशंसा और सक्षम प्राधिकार का अनुमोदन प्राप्त है।

विभिन्न पदों के लिए संशोधित मानदेय

विभागीय आदेश के अनुसार, संविदा पर कार्यरत प्राध्यापक का मानदेय 1.80 लाख रुपये से बढ़ाकर 2.07 लाख रुपये प्रतिमाह कर दिया गया है। सह-प्राध्यापक का मानदेय 1.35 लाख से बढ़ाकर 1.55 लाख रुपये और सहायक प्राध्यापक का मानदेय 1.10 लाख से बढ़ाकर 1.25 लाख रुपये प्रतिमाह किया गया है।

सीनियर और जूनियर रेजिडेंट का नया वेतन

इसी तरह सीनियर रेजिडेंट या ट्यूटर का मानदेय बढ़ाकर 1.15 लाख रुपये कर दिया गया है। जूनियर रेजिडेंट का मानदेय 65 हजार से बढ़ाकर 75 हजार रुपये प्रतिमाह कर दिया गया है। संशोधित दरों के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश संबंधित चिकित्सा संस्थानों को जारी कर दिए गए हैं।

स्वास्थ्य मंत्री का बयान

प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री निशांत ने कहा कि बिहार सरकार स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ एवं गुणवत्तापूर्ण बनाने के लिए लगातार महत्वपूर्ण निर्णय ले रही है। राजकीय चिकित्सा महाविद्यालयों में संविदा पर कार्यरत चिकित्सकों की महत्वपूर्ण भूमिका है और उनके योगदान को देखते हुए सरकार ने यह निर्णय लिया है। इस निर्णय से चिकित्सकों को प्रोत्साहन मिलेगा और विशेषज्ञ एवं योग्य मानव संसाधन की उपलब्धता को मजबूती मिलेगी।

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