बिहार में मानव तस्करी: 70 हजार में बेची गई मासूम, बस में होश आने पर मिली राहत

बिहार में मानव तस्करी का एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसने मानवता को शर्मसार कर दिया है। पूर्वी चंपारण जिले के पिपराकोठी थाना क्षेत्र में एक नाबालिग लड़की को महज 70 हजार रुपये में बेचने की कोशिश की गई। इस खौफनाक साजिश का खुलासा तब हुआ जब बस में सफर कर रही उस मासूम को अचानक होश आया और उसने पुलिस से मदद मांगी।
कैसे हुआ इस खौफनाक साजिश का खुलासा?
मिली जानकारी के अनुसार, यह घटना तब सामने आई जब पिपराकोठी इलाके में पुलिस द्वारा एक वाहन की जांच की जा रही थी। जांच के दौरान एक नाबालिग लड़की ने पुलिसकर्मियों के पास पहुंचकर मदद की गुहार लगाई। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए बच्ची को सुरक्षित हिरासत में ले लिया और मौके से दो संदिग्धों को गिरफ्तार कर लिया।
बताया जा रहा है कि यह बच्ची चकिया थाना क्षेत्र की रहने वाली है और अपने भाई, चाचा और चाची के साथ रहती थी। उसके माता-पिता मजदूरी करने के लिए गुजरात में हैं। पुलिस की शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि चकिया की ही एक महिला इस पूरे सौदे में 'ब्रोकर' की भूमिका निभा रही थी, जिसने बच्ची को 70,000 रुपये में बेचने का सौदा तय किया था।
शादी का झांसा देकर खिलाया नशीला खाना
इस मामले की गहराई में जाने पर पता चला है कि आरोपियों ने बेहद शातिराना तरीके से इस वारदात को अंजाम दिया। आरोप है कि आरोपियों ने बच्ची के साथ शादी का नाटक रचा और फिर उसे नशीला भोजन या नाश्ता खिला दिया। जब बच्ची बेहोश हो गई, तो उसे बस के जरिए उत्तर प्रदेश ले जाने की कोशिश की गई।
"पीड़ित बच्ची को बस में नशीला पदार्थ खिलाकर बेहोश कर दिया गया था, लेकिन पिपराकोठी क्षेत्र में बस के पहुंचते ही उसे होश आ गया और उसने हिम्मत दिखाते हुए