बिहार MLC चुनाव: पटना स्नातक सीट पर जेडीयू के नीरज कुमार को बढ़त, आरजेडी ने लगाया हंगामा करने का आरोप
बिहार एमएलसी चुनाव में पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से जेडीयू नेता नीरज कुमार को पहली वरीयता के वोटों में बढ़त मिली है। आरजेडी ने मतगणना केंद्र में हंगामे का आरोप लगाया है।

बिहार विधान परिषद (MLC) चुनाव के नतीजों का दौर शुरू हो चुका है। पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से एनडीए समर्थित जेडीयू नेता नीरज कुमार ने दावा किया है कि उन्हें पहली वरीयता के वोटों की गिनती में बढ़त हासिल हुई है। इस बढ़त के साथ ही उन्होंने चुनावी नतीजों को लेकर अपना आत्मविश्वास भी जताया है।
दूसरी वरीयता के वोटों पर टिकी निगाहें
मीडिया से बातचीत के दौरान नीरज कुमार ने कहा कि वर्तमान सूचनाओं के अनुसार, पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से जेडीयू उम्मीदवार के रूप में वे पहली वरीयता के वोटों में आगे चल रहे हैं। उन्होंने कहा, "अब दूसरी वरीयता के वोटों की गिनती होनी बाकी है। हमें पूरा विश्वास है कि चूंकि हम पहली वरीयता में आगे हैं, इसलिए हम दूसरी वरीयता की गिनती में भी अपनी बढ़त बनाए रखेंगे।"
चुनाव की पारदर्शिता पर विपक्ष द्वारा उठाए जा रहे सवालों का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि मतगणना की प्रक्रिया में समय लग सकता है क्योंकि इसमें दूसरी वरीयता के वोटों की गिनती शामिल है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पारदर्शिता सुनिश्चित करना पूरी तरह से चुनाव आयोग का अधिकार और जिम्मेदारी है।
एनडीए की जीत का दावा
इस बीच, बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी ने भी एनडीए की जीत को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि एमएलसी चुनावों में एनडीए की जीत की उम्मीद पहले से ही की जा रही थी और यह परिणाम पूरी तरह से अपेक्षित था।
आरजेडी का गंभीर आरोप: मतगणना केंद्र में हंगामा और मारपीट
दूसरी ओर, चुनाव के दौरान गहमागहमी और विवाद की खबरें भी सामने आ रही हैं। पटना शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से आरजेडी उम्मीदवार डॉ. संजीव कुमार सिंह ने मतगणना केंद्र के भीतर भारी हंगामे और मारपीट का आरोप लगाया है।
डॉ. सिंह ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा, "सरकार बेहद हताश थी। आज मतगणना हॉल के भीतर काफी हंगामा हुआ, जिसमें धक्का-मुक्की और लड़ाई-झगड़ा भी शामिल था।" उन्होंने भाजपा पर हमला बोलते हुए दावा किया कि वे उनसे इतने डरे हुए थे कि चुनाव के दिन पांच गाड़ियों में भरकर बाउंसर लेकर घूम रहे थे। उन्होंने यह भी कहा कि वे शिक्षकों से किए गए अपने हर वादे को पूरा करेंगे।
इन क्षेत्रों में हो रहे हैं चुनाव
बिहार में इस बार कुल आठ निर्वाचन क्षेत्रों के लिए चुनावी प्रक्रिया चल रही है, जिसमें स्नातक और शिक्षक दोनों वर्ग शामिल हैं:
- स्नातक निर्वाचन क्षेत्र: पटना, दरभंगा, तिरहुत और कोसी।
- शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र: पटना, दरभंगा, तिरहुत और सारण।
इन सभी निर्वाचन क्षेत्रों के वर्तमान सदस्यों का कार्यकाल 16 नवंबर को समाप्त होने जा रहा है। वोटों की गिनती मंगलवार को निर्धारित की गई थी और पूरी चुनावी प्रक्रिया 31 अक्टूबर तक संपन्न होने की उम्मीद है।