SC/ST यौन उत्पीड़न पीड़ितों को मिलेगा तुरंत मुआवजा, CM रेवंत रेड्डी ने दिए 'ग्रीन चैनल' के निर्देश

Ghazala Saheb23 September 20262 min read1 viewBihar
SC/ST यौन उत्पीड़न पीड़ितों को मिलेगा तुरंत मुआवजा, CM रेवंत रेड्डी ने दिए 'ग्रीन चैनल' के निर्देश

तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने अनुसूचित जाति (SC) और अनुसूचित जनजाति (ST) समुदायों की महिलाओं के लिए एक बड़ा और संवेदनशील फैसला लिया है। यौन उत्पीड़न का शिकार होने वाली इन महिलाओं को अब मुआवजे के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को 'ग्रीन चैनल' के माध्यम से तत्काल सहायता राशि जारी करने के सख्त निर्देश दिए हैं।

अत्याचार निवारण अधिनियम की उच्च-स्तरीय समीक्षा

मुख्यमंत्री ने मंगलवार को SC/ST (अत्याचार निवारण) अधिनियम, 1989 के कार्यान्वयन पर राज्य स्तरीय सतर्कता और निगरानी समिति की बैठक की अध्यक्षता की। तेलंगाना राज्य के गठन के बाद इस अधिनियम पर मुख्यमंत्री द्वारा की गई यह पहली उच्च-स्तरीय बैठक थी। इस दौरान समिति ने दर्ज किए गए मामलों, उनकी जांच की प्रगति, अदालती कार्यवाही और पीड़ितों को दिए जा रहे पुनर्वास व सहायता की विस्तृत समीक्षा की।

मानवीय आधार पर त्वरित सहायता का संकल्प

बैठक के दौरान मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने स्पष्ट किया कि सरकार यौन उत्पीड़न की घटनाओं पर पूरी तरह से मानवीय दृष्टिकोण से प्रतिक्रिया दे रही है। 'ग्रीन चैनल' का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि पीड़ितों को मिलने वाली आर्थिक सहायता में किसी भी प्रकार की प्रशासनिक देरी न हो और उन्हें तुरंत राहत मिल सके।

कल्याणकारी योजनाओं का व्यापक दायरा

मुख्यमंत्री ने SC और ST समुदायों के सामाजिक और आर्थिक उत्थान के लिए सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं पर भी प्रकाश डाला:

  • आवास सहायता: 'इंदिरम्मा' आवास योजना के लाभार्थियों में दलितों की हिस्सेदारी 31% और अनुसूचित जनजातियों की 17% है।
  • पोषण और भोजन: राज्य के दलित और आदिवासी समूहों को उच्च गुणवत्ता वाला चावल और पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है।
  • शिक्षा में सहयोग: नर्सरी से लेकर 12वीं कक्षा तक के लगभग 27.5 लाख छात्रों को राज्य भर में नाश्ता प्रदान किया जा रहा है।

शिक्षा: बदलाव का एकमात्र रास्ता

मुख्यमंत्री ने पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के योगदान को याद करते हुए कहा कि सरकार उनकी विरासत से प्रेरित है। उन्होंने उल्लेख किया कि इंदिरा गांधी ने SC और ST समुदायों को 25 लाख एकड़ भूमि के पट्टे (पट्टा) वितरित किए थे।

"शिक्षा ही एकमात्र ऐसा माध्यम है जो जीवन को पूरी तरह बदल सकती है। हाशिए पर रहने वाले समुदायों की समस्याओं का समाधान गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के बिना संभव नहीं है। हमें राजनीति से ऊपर उठकर इन समुदायों के विकास के लिए काम करना चाहिए।"

मुख्यमंत्री ने समुदायों से एक भावुक अपील भी की। उन्होंने कहा कि माता-पिता को अपने बच्चों को शिक्षा और खेलों के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करना चाहिए, क्योंकि यही उनके भविष्य को उज्ज्वल बनाने का सबसे सशक्त तरीका है।

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