समस्तीपुर में CPI (ML) का हल्ला बोल, चुनाव आयोग के खिलाफ किया प्रदर्शन

बिहार के समस्तीपुर जिले में शनिवार को राजनीतिक सरगर्मी तेज रही। CPI (ML) के ताजपुर ब्लॉक कमेटी के सदस्यों ने 'विशेष गहन पुनरीक्षण' (SIR) प्रक्रिया के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। कार्यकर्ताओं ने इस प्रक्रिया का कड़ा विरोध करते हुए एक विशाल विरोध मार्च निकाला, जिससे इलाके में काफी हलचल देखी गई।
फतेहपुर चौक से मोतीपुर बाजार तक निकाला मार्च
प्रदर्शन की शुरुआत फतेहपुर चौक से हुई, जहाँ बड़ी संख्या में कार्यकर्ता एकजुट हुए। यहाँ से कार्यकर्ताओं का एक जुलूस मोतीपुर सब्जी बाजार तक निकाला गया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे ब्लॉक सचिव सुरेंद्र प्रसाद सिंह के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने दो प्रमुख मांगें रखीं:
- विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया को तुरंत रद्द किया जाए।
- चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार तत्काल अपने पद से इस्तीफा दें।
लोकतंत्र को कमजोर करने का लगाया आरोप
प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए। वक्ताओं का आरोप था कि SIR प्रक्रिया का इस्तेमाल मतदाता सूची से बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम हटाने के लिए किया जा रहा है, जो सीधे तौर पर लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन है।
CPI (ML) की राज्य समिति की सदस्य बदना सिंह ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार ने चुनावी प्रक्रियाओं को प्रभावित करने के लिए चुनाव आयोग की संरचना और कामकाज में हेरफेर किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पार्टी इस लड़ाई को जारी रखेगी और गांवों में जागरूकता अभियान चलाएगी।
पुतला दहन के साथ प्रदर्शन का समापन
इस विरोध प्रदर्शन में ब्रह्मदेव प्रसाद सिंह, प्रभात रंजन गुप्ता, शंकर महतो, मनोज कुमार सिंह, संजीव राय, सुलेखा कुमारी, आशा कुमारी और सुनीता कुमारी सहित कई प्रमुख नेता और कार्यकर्ता शामिल थे। प्रदर्शन का समापन चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का पुतला दहन करके किया गया। कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी है कि यदि यह प्रक्रिया नहीं रोकी गई, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।