व्यावसायिक शिक्षा से मिलेगा रोजगार, दरभंगा में बैंकिंग कोर्स शुरू

दरभंगा के सीएम कॉलेज में छात्रों के भविष्य को संवारने के लिए एक नई पहल की गई है। कॉलेज के वाणिज्य विभाग द्वारा आयोजित एक विशेष कार्यक्रम के तहत बैंकिंग एवं वित्तीय बीमा पाठ्यक्रम (BFSI) का उद्घाटन किया गया। इस अवसर पर बिहार के पूर्व शिक्षा विभाग सचिव बैद्यनाथ यादव ने छात्रों को संबोधित करते हुए व्यावसायिक शिक्षा और रोजगार के महत्व पर विशेष जोर दिया।
व्यावहारिक ज्ञान से सुधरेगा भविष्य
समारोह को संबोधित करते हुए बैद्यनाथ यादव ने कहा कि छात्रों को केवल किताबी ज्ञान तक सीमित नहीं रहना चाहिए। उन्होंने कहा, "व्यावसायिक शिक्षा के साथ छात्रों को जीवन के व्यावहारिक पहलुओं से अवगत कराना आवश्यक है, ताकि वे रोजगार हासिल करने के साथ-साथ एक संतुलित जीवन जीने में भी सक्षम बन सकें।"
उन्होंने राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 का जिक्र करते हुए बताया कि इसका मुख्य उद्देश्य ही छात्रों को रोजगारोन्मुखी बनाना है। बिहार सरकार और राजभवन की भी यही मंशा है कि डिग्री प्राप्त करने के बाद विद्यार्थियों को बेरोजगारी की समस्या का सामना न करना पड़े।
कोर्स की संरचना और छात्रवृत्ति का लाभ
इस नए पाठ्यक्रम को इस तरह तैयार किया गया है कि छात्र पढ़ाई के साथ-साथ अनुभव भी प्राप्त कर सकें। इस कोर्स की मुख्य विशेषताएं निम्नलिखित हैं:
- तीन साल की पढ़ाई: पाठ्यक्रम के पहले चरण में तीन वर्ष का शैक्षणिक सत्र पूरा करना होगा।
- एक वर्ष का प्रशिक्षण: पढ़ाई पूरी करने के बाद छात्रों को एक वर्ष का व्यावहारिक प्रशिक्षण लेना अनिवार्य होगा।
- सरकारी छात्रवृत्ति: प्रशिक्षण की अवधि के दौरान छात्रों को सरकार की ओर से छात्रवृत्ति भी प्रदान की जाएगी।
कॉलेज प्रशासन ने किया स्वागत
कार्यक्रम के दौरान सीएम कॉलेज के प्रधानाचार्य प्रो. मुश्ताक अहमद ने पूर्व आईएएस अधिकारी बैद्यनाथ यादव का पाग, चादर और पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया। उन्होंने इस नई पहल के लिए आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इससे विद्यार्थियों के लिए रोजगार की संभावनाएं काफी बढ़ जाएंगी।
वाणिज्य विभागाध्यक्ष डॉ. ललित शर्मा ने आने वाले समय में इस तरह के पाठ्यक्रमों की बढ़ती महत्ता पर प्रकाश डाला। वहीं, व्याख्याता डॉ. दिव्या शर्मा ने बैंकिंग एवं वित्तीय बीमा क्षेत्र में इस कोर्स की उपयोगिता के बारे में विस्तार से जानकारी दी। कार्यक्रम का समापन डॉ. अबसार आलम के धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ।