30 साल बाद पकड़ा गया खूंखार हत्यारा: 1994 के डबल मर्डर केस का आरोपी गिरफ्तार

दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच को एक बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने 1994 के डबल मर्डर केस में फरार चल रहे एक आरोपी को 30 साल बाद गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की पहचान ललित के रूप में हुई है, जिसे 'छोटू' और 'भोला' जैसे उपनामों से भी जाना जाता है।
आश्रम में हुई थी दो साध्वियों की हत्या
यह मामला तीन दशक पुराना है, जब पूर्वी दिल्ली के एक आश्रम में डकैती के दौरान दो साध्वियों की हत्या कर दी गई थी। इस जघन्य अपराध के तुरंत बाद ललित को घोषित अपराधी (proclaimed offender) घोषित कर दिया गया था। हत्या के बाद से ही वह पुलिस की गिरफ्त से बाहर था और लंबे समय तक फरार रहा।
शादी की खबर ने खोला राज
इस पुराने मामले को सुलझाने में पुलिस को एक अनपेक्षित सुराग मिला। जांच के सिलसिले में पुलिस की एक टीम आरोपी के पैतृक गांव जनार्दनपुर (समस्तीपुर, बिहार) पहुंची। हालांकि गांव वालों को ललित के वर्तमान ठिकाने के बारे में जानकारी नहीं थी, लेकिन उन्हें उसकी शादी से जुड़ी एक बात अच्छी तरह याद थी।
जांच के दौरान पता चला कि ललित ने साल 2017 में स्थानीय गांव की ही एक महिला से शादी की थी, जो बौद्धिक अक्षमता (intellectual disability) से जूझ रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि छोटे गांवों में शादी जैसे सामाजिक कार्यक्रम अक्सर चर्चा का विषय बने रहते हैं, और इसी स्मृति ने पुलिस को आरोपी के पिछले कुछ वर्षों के मूवमेंट को समझने में मदद की।
दिल्ली की फैक्ट्री से हुआ गिरफ्तार
गांव से मिली इस महत्वपूर्ण जानकारी के आधार पर पुलिस ने दिल्ली में छानबीन तेज की। अंततः, पुलिस ने आरोपी को दिल्ली की ही एक फैक्ट्री से सफलतापूर्वक गिरफ्तार कर लिया। इस गिरफ्तारी के साथ ही पुलिस ने 30 साल पुराने इस हत्याकांड के मामले में एक महत्वपूर्ण मोड़ हासिल किया है।