इको वॉरियर अवॉर्ड्स 2026: भूपेंद्र यादव ने किया पर्यावरण रक्षकों को सम्मानित

दिल्ली में आयोजित चौथे 'इको वॉरियर अवॉर्ड्स' के दौरान केंद्रीय पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव ने एक बेहद महत्वपूर्ण संदेश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि वनों, वन्यजीवों और जैव विविधता की रक्षा करना केवल सरकार का दायित्व नहीं है, बल्कि यह पूरे राष्ट्र की सामूहिक जिम्मेदारी है।
जंगलों को बताया देश का 'इकोलॉजिकल इंफ्रास्ट्रक्चर'
मंत्री भूपेंद्र यादव ने वनों के महत्व पर जोर देते हुए उन्हें भारत का 'इकोलॉजिकल इंफ्रास्ट्रक्चर' करार दिया। उन्होंने कहा कि ये जंगल जल चक्र को नियंत्रित करने, जलवायु को संतुलित रखने, मिट्टी के संरक्षण और जैव विविधता को बनाए रखने के साथ-साथ करोड़ों लोगों की आजीविका का आधार हैं।
उन्होंने पर्यावरण संरक्षण के लिए एक 'लैंडस्केप-आधारित दृष्टिकोण' अपनाने की आवश्यकता बताई। इस दृष्टिकोण में वन, वन्यजीव, कृषि, जल, आजीविका और मानव बस्तियों को एक एकीकृत प्रणाली के रूप में देखा जाना चाहिए।
चुनौतियों से निपटने के लिए तकनीक और समुदाय का साथ जरूरी
पर्यावरण संरक्षण के बढ़ते जटिल स्वरूप पर चर्चा करते हुए यादव ने जलवायु परिवर्तन, जंगल की आग