बिहार के किशनगंज में विदेश नौकरी का झांसा देकर चार युवाओं से ठगी, सक्रिय है मानव तस्करों का गिरोह

बिहार के किशनगंज जिले में विदेश में नौकरी का झांसा देकर चार युवाओं के साथ ठगी का मामला सामने आया है। यह घटना कोचाधामन ब्लॉक के चार युवाओं के साथ हुई है, जिन्हें एक गिरोह ने विदेश में रोजगार देने का वादा करके ठग लिया। इस घटना से स्थानीय युवाओं और उनके परिवारों में भारी चिंता का माहौल है। इस तरह की घटनाएं यह साबित करती हैं कि मानव तस्कर और फर्जी एजेंट स्थानीय युवाओं को सुनहरे भविष्य का सपना दिखाकर ठग रहे हैं, जिससे कई बार पीड़ितों को अपनी जीवनभर की जमापूंजी से हाथ धोना पड़ता है और उनकी जान खतरे में पड़ जाती है।
पुरानी घटनाएं और 14 साल पुराना नेटवर्क
यह कोई पहली या अकेली घटना नहीं है। वर्ष 2022 में भी किशनगंज सदर ब्लॉक के दौला पंचायत और पोठिया ब्लॉक के दो इंजीनियरों के साथ ऐसा ही बड़ा ठगी का मामला सामने आया था। उस मामले में एजेंटों ने विदेश के शहरों में अच्छी नौकरी का वादा किया था, लेकिन पीड़ितों को दूसरी जगहों पर भेजकर बंधक बना लिया गया और उनकी सहमति के बिना जबरन काम कराया गया। उस समय पीड़ितों के परिवारों ने पूर्व कोचाधामन विधायक मुजाहिद आलम से मदद मांगी थी, जिसके बाद तत्कालीन एसपी डॉ. इनामुल हक मेंगनु के हस्तक्षेप से पीड़ितों की भारत में सुरक्षित वापसी के प्रयास किए गए थे। साक्ष्यों से पता चलता है कि यह फर्जी नेटवर्क जिले में 14 साल से अधिक समय से सक्रिय है। लगभग 14 साल पहले भी कोचाधामन ब्लॉक के युवाओं के साथ ऐसा ही मामला सामने आया था, जिसमें उनसे लाखों रुपये की ठगी की गई थी और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को सूचना मिलने पर उन्होंने पीड़ितों की मदद के लिए कार्रवाई की थी।
ठगी करने का तरीका और स्थानीय लोगों की मांग
इस गिरोह के काम करने के तरीके से एक जैसे पैटर्न का खुलासा हुआ है। एजेंट युवाओं को मोटी सैलरी और अच्छे पदों का लालच देकर अपने जाल में फंसाते हैं। विदेश पहुंचने के बाद पीड़ितों को अलग और बेहद कठिन श्रम वाले काम सौंप दिए जाते हैं। कई मामलों में एजेंट पीड़ितों के पासपोर्ट और यात्रा दस्तावेज भी छीन लेते हैं, जिससे वे बंधक जैसी स्थिति में रहने को मजबूर हो जाते हैं। जिले के स्थानीय निवासियों ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि इन फर्जी एजेंटों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि जिले के युवाओं को आगे ठगी का शिकार होने से बचाया जा सके।