गंडक का बढ़ता जलस्तर: वाल्मीकिनगर में घुसा पानी, राहत शिविरों में पहुंचे लोग

Ghazala Saheb26 September 20262 min read0 viewsBihar
गंडक का बढ़ता जलस्तर: वाल्मीकिनगर में घुसा पानी, राहत शिविरों में पहुंचे लोग

पश्चिम चंपारण के वाल्मीकिनगर में गंडक का बढ़ता जलस्तर अब स्थानीय लोगों के लिए बड़ी मुसीबत बन गया है। शनिवार सुबह गंडक बैराज से लगभग तीन लाख क्यूसेक पानी छोड़े जाने के बाद इलाके में बाढ़ जैसी स्थिति पैदा हो गई है, जिससे कई गांवों में पानी घुस गया है।

भेड़िहरी गांव के कई घरों में भरा पानी

बैराज से भारी मात्रा में पानी छोड़े जाने का असर भेड़िहरी गांव में साफ देखने को मिल रहा है। गांव की बंगाली कॉलोनी और रोहुआ टोला के कई घरों में पानी प्रवेश कर गया है। घरों में पानी भरने से लोगों का जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है और संपत्ति को नुकसान पहुंचने का डर बना हुआ है।

प्रशासनिक टीम ने संभाला मोर्चा

स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन तुरंत हरकत में आ गया। अनुमंडल पदाधिकारी (SDO) बगहा चांदनी कुमारी, अपर समाहर्ता राजीव रंजन सिन्हा और अंचल अधिकारी वसीम अकरम ने प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया। इस दौरान एसएसबी 65वीं वाहिनी के कमांडेंट तपेश्वर संवित राउत भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने प्रभावित परिवारों को सुरक्षित निकालने के लिए युद्धस्तर पर कार्रवाई शुरू कर दी है।

राहत और बचाव के लिए निम्नलिखित कदम उठाए गए हैं:

  • प्रभावित परिवारों को उच्च विद्यालय भेड़िहरी स्थित राहत शिविर में विस्थापित किया गया है।
  • राहत शिविर में रहने वाले लोगों के लिए भोजन, शुद्ध पेयजल और अन्य आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है।
  • प्रशासनिक टीमें लगातार जलस्तर और क्षेत्र की स्थिति की निगरानी कर रही हैं।

सुरक्षित रहने की अपील

प्रशासन ने स्थानीय निवासियों से अपील की है कि वे घबराएं नहीं और सुरक्षित स्थानों पर ही रहें। अधिकारियों ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि लोग प्रशासन द्वारा जारी की जा रही सूचनाओं और निर्देशों का पूरी तरह पालन करें। जलस्तर में होने वाले बदलावों पर पैनी नजर रखी जा रही है ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत मदद पहुंचाई जा सके।

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