आयुध पूजा पर राज्यपाल सुधा यादव ने की विशेष प्रार्थना, मांगी राज्य की सुख-समृद्धि

कर्नाटक की राज्यपाल सुधा यादव ने सोमवार को आयुध पूजा और विजयादशमी के पावन अवसर पर लोक भवन में विशेष प्रार्थना की। उन्होंने राज्य के लोगों की शांति, समृद्धि और कल्याण के लिए ईश्वर से मंगल कामना की।
राज्यपाल ने इसके बाद विशेष दुर्गा देवी पूजा में भी भाग लिया, जिसमें उन्होंने कर्नाटक और यहाँ के निवासियों के कल्याण के लिए प्रार्थना की। इस अवसर पर उन्होंने लोक भवन के अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ उत्सव का आनंद लिया और उन्हें पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं दीं।
औजारों और आजीविका के प्रति सम्मान
आयुध पूजा के महत्व पर चर्चा करते हुए राज्यपाल ने कहा कि यह भारतीय परंपरा का एक अनूठा हिस्सा है। यह उन उपकरणों, औजारों और यंत्रों के प्रति हमारे सम्मान को दर्शाता है जो लोगों की आजीविका का आधार हैं।
"आयुध पूजा हमें अपनी हर जिम्मेदारी को पूरी ईमानदारी, समर्पण और कर्तव्य की भावना के साथ निभाने के लिए प्रेरित करती है," राज्यपाल ने कहा।
विजयादशमी: सत्य और धर्म का मार्ग
विजयादशमी के महत्व को रेखांकित करते हुए सुधा यादव ने कहा कि यह त्योहार केवल एक उत्सव नहीं है, बल्कि एक शुभ अवसर है जो हमें सत्य और धर्म के मार्ग पर चलने की याद दिलाता है। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि वे अपने जीवन में निम्नलिखित मूल्यों को अपनाएं:
- नकारात्मक विचारों पर विजय प्राप्त करना।
- सत्य, शांति और धार्मिकता के मार्ग पर चलना।
- आपसी सम्मान और सद्भाव को बढ़ावा देना।
एकता और प्रगति का आह्वान
राज्यपाल ने आशा व्यक्त की कि कर्नाटक की समृद्ध और विविध संस्कृति समाज में एकता और सद्भाव को और मजबूत करेगी। उन्होंने लोगों से राज्य की प्रगति में सक्रिय योगदान देने और एक समृद्ध, शांतिपूर्ण और सामंजस्यपूर्ण कर्नाटक के निर्माण के लिए एकजुट होकर काम करने का आह्वान किया। उन्होंने कामना की कि यह विजयादशमी हर घर में खुशी, अच्छा स्वास्थ्य और नई आशाएं लेकर आए।