कटिहार में स्टार्टअप क्रांति: अब बैंकों से सीधा संपर्क और आसान होगा फंड!
कटिहार में स्टार्टअप बिहार की पहल से नए उद्यमियों को बैंकों से सीधे जुड़ने और फंड जुटाने का मौका मिलेगा। जानें कैसे आसान होगा लोन मिलना।

कटिहार के नए उद्यमियों और स्टार्टअप्स के लिए एक बड़ी खुशखबरी है। बिहार सरकार के उद्योग विभाग की महत्वाकांक्षी योजना 'स्टार्टअप बिहार' के तहत जिले में एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। गुरुवार को आयोजित एक दिवसीय 'स्टार्टअप बैंक कनेक्ट' कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य जिले के उभरते उद्यमियों को बैंकों, वित्तीय संस्थानों और आधुनिक डिजिटल पेमेंट सिस्टम से जोड़ना था, ताकि उन्हें अपने बिजनेस के लिए पूंजी जुटाने में कोई बाधा न आए।
पूंजी की समस्या होगी खत्म, उद्यमियों को मिलेगा सीधा रास्ता
अक्सर नए स्टार्टअप्स के सामने सबसे बड़ी चुनौती यह होती है कि वे बैंक से लोन कैसे लें या अपने बिजनेस प्लान को वित्तीय संस्थानों के सामने कैसे पेश करें। इसी समस्या को जड़ से खत्म करने के लिए इस कार्यक्रम में विशेषज्ञों ने उद्यमियों को प्रशिक्षित किया। कार्यक्रम के दौरान बैंक अधिकारियों ने प्रतिभागियों को निम्नलिखित महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से जानकारी दी:
- बैंक योग्य प्रस्ताव: एक ऐसा बिजनेस प्लान कैसे तैयार करें जिसे बैंक तुरंत स्वीकार कर ले।
- क्रेडिट अप्रेजल: ऋण की समीक्षा और मूल्यांकन की प्रक्रिया को समझना।
- ऋण स्वीकृति: लोन मिलने की बारीकियों और कागजी कार्रवाई की जानकारी।
इस दौरान आयोजित 'वन-टू-वन' सत्र कार्यक्रम का सबसे आकर्षण का केंद्र रहा। इसमें उद्यमियों ने सीधे बैंक प्रतिनिधियों के साथ बैठकर अपनी परियोजनाओं और फंडिंग की जरूरतों पर चर्चा की, जिससे उनके मन की शंकाएं दूर हुईं।
डिजिटल फाइनेंस और सरकारी योजनाओं पर जोर
आज के दौर में केवल पारंपरिक बैंकिंग ही काफी नहीं है, बल्कि डिजिटल माध्यमों का ज्ञान भी अनिवार्य है। कार्यक्रम में उद्यमियों को रेज़रपे (Razorpay) जैसे आधुनिक डिजिटल पेमेंट टूल्स के व्यावहारिक उपयोग के बारे में बताया गया। इसके साथ ही, केंद्र सरकार की सीजीएसएस (क्रेडिट गारंटी स्कीम फॉर स्टार्टअप्स) योजना की जानकारी दी गई, जो नए उद्यमियों के लिए सुरक्षा कवच का काम कर सकती है।
विशेषज्ञों ने दिए सफलता के मंत्र
कार्यक्रम में बैंकिंग और उद्योग जगत के दिग्गजों ने उद्यमियों का मार्गदर्शन किया। मुख्य वक्ताओं में शामिल थे:
- मितेश कुमार शांडिल्य: महाप्रबंधक, जिला उद्योग केंद्र
- अमित कुमार सिन्हा: डीडीएम, नाबार्ड
- मनीष कुमार: प्रबंधक, बैंक ऑफ इंडिया
- ऋचा कुमारी: प्रबंधक, बिहार ग्रामीण बैंक
- उदय शंकर गुप्ता: आईईओ
इस पूरे आयोजन को सफल बनाने में स्टार्टअप प्रभारी अनिल कुमार गुप्ता, जिला समन्वयक दिलीप कुमार और छात्र समन्वयकों—गोपाल तिवारी, रौशन कुमार, तौफीक हयात व शमा करीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इस पहल से उम्मीद जताई जा रही है कि कटिहार में नए व्यवसायों को नई गति मिलेगी और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।