किशनगंज में अवैध बालू खनन पर पुलिस का प्रहार, छापेमारी में ट्रैक्टर जब्त

किशनगंज जिले में अवैध बालू खनन और उसके गैरकानूनी परिवहन के खिलाफ प्रशासन ने रविवार को एक बड़ा अभियान चलाया। पुलिस की अचानक हुई छापेमारी से बालू माफियाओं और बिचौलियों में हड़कंप मच गया। इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने बालू लदे दो ट्रैक्टरों को जब्त किया है।
एसडीपीओ के नेतृत्व में चला व्यापक अभियान
रविवार तड़के पुलिस की अलग-अलग टीमों ने जिले के कई चिन्हित घाटों और संवेदनशील इलाकों में एक साथ छापेमारी की। इस विशेष अभियान का नेतृत्व एसडीपीओ-2 मनोज कुमार सिंह ने किया। उनके नेतृत्व में पोठिया थाना क्षेत्र के बड़ी सुहागी, गुआबाड़ी और धोबीडांगा समेत कई संवेदनशील घाटों पर संयुक्त रूप से छापेमारी की गई। इस कार्रवाई में पोठिया पुलिस के साथ-साथ चिचुआबाड़ी और छत्तरगाछ थाना की पुलिस टीमों ने भी सक्रिय भूमिका निभाई।
ठाकुरगंज और पहाड़कट्टा में भी पुलिस की दबिश
पुलिस टीमों ने न केवल घाटों पर, बल्कि बालू परिवहन के लिए इस्तेमाल होने वाले रास्तों पर भी कड़ी नजर रखी। छापेमारी के दौरान मुख्य रूप से इन क्षेत्रों में कार्रवाई की गई:
- ठाकुरगंज: पथरिया घाट पर छापेमारी के दौरान बालू लदा एक ट्रैक्टर पकड़ा गया। पुलिस की टीम को देखते ही घाट पर मौजूद कई लोग मौके से भाग निकले।
- पहाड़कट्टा: गश्ती और छापेमारी के दौरान पुलिस ने बालू लदे एक अन्य ट्रैक्टर को पकड़कर थाने लाया।
जांच में जुटे अधिकारी, होगी सख्त कानूनी कार्रवाई
पुलिस ने जब्त किए गए दोनों ट्रैक्टरों को अपने कब्जे में ले लिया है। अधिकारियों के अनुसार, वाहनों के चेसिस और इंजन नंबर, रजिस्ट्रेशन, खनन ई-चालान और बालू के स्रोत की गहन जांच की जा रही है। यदि जांच में अवैध खनन या परिवहन की पुष्टि होती है, तो खान एवं खनिज अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
स्थानीय लोगों ने की नियमित निगरानी की मांग
पुलिस की इस समन्वित कार्रवाई से बालू के अवैध कारोबार में शामिल लोगों में डर का माहौल है। हालांकि, स्थानीय लोगों का कहना है कि यह कार्रवाई केवल दिखावे की नहीं होनी चाहिए। लोगों ने मांग की है कि जिन घाटों से लगातार अवैध बालू का उठाव हो रहा है, वहां पुलिस और खनन विभाग को नियमित रूप से निगरानी और निरंतर छापेमारी जारी रखनी होगी।