किशनगंज में हत्या के मामले में दो दोषियों को उम्रकैद और पचास हजार रुपये का जुर्माना

किशनगंज में हत्या के एक मामले में अदालत ने बड़ा फैसला सुनाते हुए दो दोषियों को आजीवन कारावास की सजा दी है। अपर जिला एवं सत्र न्यायालय प्रथम ने मंगलवार को सत्यवान मुर्मू की हत्या के मामले में यह फैसला सुनाया। इस मामले में रूईधासा निवासी मोहम्मद चांद और पौआखाली थाना क्षेत्र निवासी बसंती हेम्ब्रम को दोषी करार दिया गया है। अदालत ने दोनों दोषियों पर 50-50 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अर्थदंड की राशि जमा नहीं करने पर अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतनी होगी। यह मामला पौआखाली थाना कांड संख्या 31/2025 से संबंधित है और इसकी सुनवाई स्पेशल वाद संख्या 65/2025 के तहत चल रही थी। पुलिस ने जांच पूरी करने के बाद अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया था।
मामले की कानूनी प्रक्रिया और सुनवाई
अभियोजन पक्ष की ओर से एससी-एसटी मामलों के विशेष लोक अभियोजक ने अदालत में गवाहों और साक्ष्यों को प्रस्तुत किया। विशेष लोक अभियोजक आदुलाल हरिजन ने बताया कि अदालत ने गवाहों के बयान, चिकित्सीय रिपोर्ट और पुलिस साक्ष्यों का गहन अध्ययन किया। दोनों पक्षों की अंतिम दलीलें सुनने के बाद अदालत ने यह सजा सुनाई। अप्रैल 2025 में पौआखाली थाना क्षेत्र निवासी सत्यवान मुर्मू की हत्या कर दी गई थी। आरोप था कि बसंती हेम्ब्रम ने मोहम्मद चांद के साथ मिलकर अपने ससुर सत्यवान मुर्मू की हत्या की थी। पुलिस जांच और अदालत में प्रस्तुत साक्ष्यों व गवाहों के आधार पर यह फैसला आया है।