खड़गे के विवादित बयान पर मायावती का कड़ा रुख, राजनीतिक मर्यादा पर उठाए सवाल
पीएम मोदी के पिता पर मल्लिकार्जुन खड़गे के विवादित बयान के बाद मायावती ने राजनीतिक मर्यादा बनाए रखने की सलाह दी है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पिता को लेकर मल्लिकार्जुन खड़गे के कथित विवादित बयान के बाद अब मायावती का खड़गे पर बयान सामने आया है। बहुजन समाज पार्टी (BSP) की प्रमुख मायावती ने इस पूरे मामले पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए देश की राजनीतिक मर्यादा के गिरते स्तर पर सवाल खड़े किए हैं।
क्या है पूरा विवाद?
यह पूरा विवाद 25 अक्टूबर 2026 को पटना में आयोजित एक कार्यक्रम से शुरू हुआ। यह कार्यक्रम बिहार के पहले मुख्यमंत्री श्री कृष्ण सिंह की 139वीं जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित किया गया था। कार्यक्रम के दौरान जब कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे मंच पर थे, तभी भीड़ में से किसी व्यक्ति ने चिल्लाकर कहा कि 'मोदी नहीं जाएगा'।
इस बीच, खड़गे ने कथित तौर पर एक टिप्पणी की, जिसमें कहा गया कि 'मोदी का पिता भी जाएगा'। इस बयान के सार्वजनिक होने के बाद से ही देश की राजनीति में उबाल आ गया है।
मायावती ने क्या कहा?
मायावती ने इस मुद्दे पर सीधे तौर पर खड़गे का नाम नहीं लिया, लेकिन उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से अपनी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने राजनीतिक नेताओं को सलाह दी कि वे सार्वजनिक मंचों पर गरिमा बनाए रखें। मायावती ने चेतावनी दी कि:
- स्वार्थ के लिए की जाने वाली बयानबाजी देश के लिए हानिकारक है।
- राजनीतिक मर्यादा का ह्रास होने से जनता का लोकतांत्रिक व्यवस्था से भरोसा उठ सकता है।
- नेताओं को अपनी भाषा और आचरण पर नियंत्रण रखना चाहिए।
भाजपा का हमला और कांग्रेस का बचाव
मल्लिकार्जुन खड़गे के इस बयान के बाद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने देशभर में विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिए हैं। भाजपा ने कांग्रेस से इस मामले में बिना शर्त माफी की मांग की है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि पिछले 12 वर्षों की लगातार चुनावी हार के कारण कांग्रेस हताशा में आकर राजनीतिक शालीनता की सीमाएं लांघ रही है।
वहीं, कांग्रेस की ओर से बचाव करते हुए सांसद पवन खेड़ा ने तर्क दिया कि खड़गे का इशारा प्रधानमंत्री के जैविक पिता की ओर नहीं था। उन्होंने कहा कि 'पिता' शब्द का प्रयोग आरएसएस (RSS) को एक 'वैचारिक पिता' के रूप में संबोधित करने के लिए किया गया था।
इस मामले में कानूनी शिकंजा भी कसता नजर आ रहा है, क्योंकि पटना में खड़गे के खिलाफ इस बयान को लेकर एक औपचारिक शिकायत भी दर्ज कराई गई है।