धान खरीद की तैयारी: चावल मिलरों का निबंधन करने की तिथि बढ़ी

बिहार में धान अधिप्राप्ति की तैयारियों को गति देने के लिए खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। विभाग ने खरीफ विपणन मौसम 2026-27 के लिए चावल मिलरों का निबंधन करने की अंतिम तिथि को आगे बढ़ा दिया है। अब मिलर 15 नवंबर 2026 तक अपना पंजीकरण करा सकेंगे।
क्यों बढ़ाई गई निबंधन की समय सीमा?
विभागीय जानकारी के अनुसार, चावल मिलरों का निबंधन 16 अगस्त 2026 से ई-सहकारी पोर्टल पर शुरू किया गया था। पहले इसकी अंतिम तिथि 15 अक्टूबर 2026 निर्धारित की गई थी। हालांकि, इस समय सीमा तक पोर्टल पर केवल 450 चावल मिलरों का ही निबंधन हो सका है।
उल्लेखनीय है कि पिछले वर्ष कुल 868 चावल मिलों का निबंधन कराया गया था। धान की मिलिंग की सुचारू व्यवस्था सुनिश्चित करने और अधिप्राप्त धान की मिलिंग में किसी भी प्रकार की बाधा से बचने के लिए विभाग ने इस अवधि को विस्तार देने का निर्णय लिया है।
धान अधिप्राप्ति का प्रस्तावित शेड्यूल
विकेन्द्रीकृत अधिप्राप्ति योजना के अंतर्गत, राज्य में धान अधिप्राप्ति का कार्य 1 नवंबर 2026 से प्रारंभ किया जाना प्रस्तावित है। अधिप्राप्त धान की समानांतर रूप से मिलिंग कराकर चावल तैयार करने के लिए पर्याप्त संख्या में चावल मिलरों का निबंधन और उनका भौतिक सत्यापन किया जाना आवश्यक है।
पंजीकरण कैसे करें?
इच्छुक चावल मिलर ई-सहकारी पोर्टल के माध्यम से अपना पंजीकरण प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं। पोर्टल का विवरण नीचे दिया गया है:
- ई-सहकारी पोर्टल: https://esahkari.bihar.gov.in
जिला पदाधिकारियों को सख्त निर्देश
खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने सभी जिला पदाधिकारियों को इस कार्य को प्राथमिकता देने का निर्देश दिया है। अधिकारियों को कहा गया है कि वे निर्धारित विस्तारित अवधि के भीतर चावल मिलरों का निबंधन अनिवार्य रूप से पूर्ण कराने के लिए आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें, ताकि धान खरीद की प्रक्रिया बिना किसी रुकावट के संपन्न हो सके।