सरदार पटेल की 151वीं जयंती: देशभर में 'रन फॉर यूनिटी' की धूम
सरदार वल्लभभाई पटेल की 151वीं जयंती पर देशभर में 'रन फॉर यूनिटी' का आयोजन किया गया। विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने इस दौड़ को हरी झंडी दिखाई।

भारत के लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की 151वीं जयंती के अवसर पर शनिवार को देशभर में 'रन फॉर यूनिटी' (Run for Unity) का भव्य आयोजन किया गया। राष्ट्रीय एकता दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित इस मैराथन में हजारों प्रतिभागियों ने हिस्सा लेकर देश की एकता और अखंडता का संदेश दिया।
दिल्ली में अमित शाह ने दिखाई हरी झंडी
देश की राजधानी दिल्ली में इस कार्यक्रम का नेतृत्व केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने किया। उन्होंने मेजर ध्यानचंद नेशनल स्टेडियम में आयोजित 'रन फॉर यूनिटी' को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया और राष्ट्र निर्माण में सरदार पटेल के योगदान को याद किया।
विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने बढ़ाया उत्साह
देश के विभिन्न राज्यों में मुख्यमंत्री और राज्यपालों ने इस दौड़ का नेतृत्व करते हुए नागरिकों को एकजुट होने के लिए प्रेरित किया:
- हरियाणा: पंचकुला में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने प्रतिभागियों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि यह दौड़ केवल कुछ किलोमीटर की दूरी तय करना नहीं है, बल्कि यह भारत की एकता को मजबूत करने का एक संकल्प है।
- उत्तराखंड: देहरादून में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पटेल के ऐतिहासिक कार्यों को नमन किया। उन्होंने कहा कि सरदार पटेल ने अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति से 560 से अधिक रियासतों को एकजुट कर एक मजबूत भारत की नींव रखी।
- गोवा: मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने गोवा की मुक्ति में सरदार पटेल के योगदान को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि यदि पटेल कुछ समय और हमारे साथ होते, तो गोवा को आजादी बहुत पहले मिल जाती।
- गुजरात: वडोदरा में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने इस दौड़ की शुरुआत की।
- त्रिपुरा: मुख्यमंत्री माणिक साहा ने अगतला में इस कार्यक्रम का नेतृत्व किया।
"देशभक्ति की भावना और भारत की एकता को बनाए रखने का संकल्प, आज पंचकुला में हर कदम को केवल एक दौड़ से कहीं बढ़कर, भारत की अखंडता का प्रतीक बना देता है।" - नायब सिंह सैनी
गोवा में मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने इस अवसर पर नागरिकों से आगामी जनगणना में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने का भी आह्वान किया। उन्होंने जानकारी दी कि जनगणना की प्रक्रिया नवंबर से शुरू होकर जनवरी तक चलेगी और इसमें जनता का सहयोग अत्यंत आवश्यक है।