त्योहारों पर सुरक्षा और स्वच्छता में कोई ढिलाई नहीं: सम्राट चौधरी
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने दीपावली और छठ महापर्व के लिए सुरक्षा, स्वच्छता और भ्रामक खबरों पर त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

बिहार में दीपावली, काली पूजा और छठ महापर्व के आगमन के साथ ही प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शुक्रवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से राज्य में त्योहारों पर सुरक्षा और स्वच्छता की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि त्योहारों के दौरान दूसरे राज्यों और विदेशों से घर लौट रहे लोगों को अपने गृह राज्य में खुशी, सुरक्षा और सकारात्मक बदलाव का अनुभव मिलना चाहिए।
सुरक्षा व्यवस्था और पुलिस गश्त पर विशेष जोर
मुख्यमंत्री ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती का आदेश दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि त्योहारों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था में किसी भी प्रकार की चूक बर्दाश्त नहीं की जाएगी। समीक्षा के दौरान निम्नलिखित महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए:
- सभी जिलों में क्विक रिस्पांस टीम (QRT) को गठित कर उन्हें पूरी तरह सक्रिय और अलर्ट रखा जाए।
- रेलवे स्टेशनों और बस स्टैंडों के आसपास चौबीसों घंटे गश्त की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
- पुलिस पेट्रोलिंग को प्रभावी बनाया जाए ताकि किसी भी अप्रिय घटना पर तुरंत काबू पाया जा सके।
छठ महापर्व: स्वच्छता और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता
बिहार की सांस्कृतिक पहचान, छठ महापर्व को लेकर मुख्यमंत्री ने विशेष निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि छठ घाटों पर श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और स्वच्छता का विशेष ध्यान रखा जाए।
"छठ घाटों पर निर्धारित मानकों के अनुरूप सुरक्षा और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। गांवों के छठ घाटों पर स्थानीय तैराकों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए और विद्युत सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।"
मुख्यमंत्री ने सख्त लहजे में कहा कि कहीं भी नंगे तारों का इस्तेमाल नहीं होना चाहिए, ताकि बिजली से जुड़ी कोई दुर्घटना न हो। उन्होंने जिलाधिकारियों को निर्देश दिया कि वे स्वयं इन व्यवस्थाओं की नियमित निगरानी करें और स्थानीय स्वयंसेवकों को भी इस कार्य में शामिल करें।
भ्रामक खबरों पर 4 घंटे के भीतर एक्शन
आजकल सोशल मीडिया पर फैलने वाली फर्जी और भ्रामक खबरों पर मुख्यमंत्री ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने निर्देश दिया कि सूचनाओं के सही और गलत होने की जांच के लिए प्रत्येक स्तर पर क्विक रिस्पांस टीम बनाई जाए। उन्होंने कहा कि यदि कोई खबर गलत पाई जाती है, तो उसका अधिकतम चार घंटे के भीतर खंडन किया जाना चाहिए, ताकि जनता के बीच कोई नकारात्मक माहौल न बने और सही जानकारी तुरंत पहुंच सके।
विकास कार्यों और औद्योगिक निवेश पर फोकस
त्योहारों के बाद मुख्यमंत्री का ध्यान राज्य के विकास और औद्योगिक प्रगति पर रहेगा। उन्होंने आगामी योजनाओं के संबंध में महत्वपूर्ण बातें साझा कीं:
- 25 नवंबर के बाद मुख्यमंत्री विभिन्न जिलों का भ्रमण करेंगे।
- 16 नवंबर के बाद विकास कार्यों और योजनाओं के क्रियान्वयन की नियमित समीक्षा की जाएगी।
- राज्य में निवेश और रोजगार बढ़ाने के लिए जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों को प्रत्येक माह उद्योगपतियों के साथ बैठक करने का निर्देश दिया गया है, ताकि उनकी समस्याओं का समाधान हो सके।