सम्राट चौधरी का सेवा संकल्प अभियान: मार्च 2027 तक पूरे हों ग्रामीण कार्य

पटना में आयोजित राज्य स्तरीय सहयोग कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी सेवा संकल्प अभियान को लेकर बेहद गंभीर नजर आए। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि ग्रामीण क्षेत्रों में सरकारी भवनों, अस्पतालों, स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों के लंबित कार्यों को 31 मार्च 2027 की समय सीमा के भीतर हर हाल में पूरा किया जाए।
ग्रामीण बुनियादी ढांचे में सुधार पर विशेष जोर
मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारियों को निर्देश दिया कि 'सेवा संकल्प एवं कायाकल्प अभियान' के तहत निम्नलिखित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाए:
- सरकारी भवनों, अस्पतालों और आंगनबाड़ी केंद्रों की मरम्मत, रख-रखाव और साफ-सफाई।
- ग्रामीण इलाकों के छूटे हुए टोलों में सड़कों का निर्माण और मरम्मत का कार्य।
- विद्यालयों में चहारदीवारी, शौचालय, पेयजल और बिजली जैसी मूलभूत सुविधाओं का सुदृढ़ीकरण।
- विद्यालयों के रंग-रोगन और मरम्मत कार्य को प्राथमिकता देना।
- भवनविहीन विद्यालयों और आंगनबाड़ी केंद्रों के लिए नए भवनों का निर्माण कार्य तेज करना।
जन शिकायतों का होगा समयबद्ध समाधान
इस राज्य स्तरीय सहयोग कार्यक्रम में कुल 101 आवेदक अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे थे। मुख्यमंत्री ने राजस्व एवं भूमि सुधार, शिक्षा, गृह, ग्रामीण कार्य, स्वास्थ्य, समाज कल्याण, नगर विकास और ऊर्जा विभाग सहित विभिन्न विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे आवेदकों की समस्याओं का समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से समाधान करें।
"संवेदनशीलता और तत्परता के साथ सभी की समस्याओं का समाधान करना और उन्हें न्याय दिलाना हमारा दायित्व है।" - सम्राट चौधरी
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का मुख्य उद्देश्य प्रत्येक नागरिक की शिकायतों का निष्पक्ष और त्वरित समाधान सुनिश्चित करना है। सहयोग शिविरों के माध्यम से जनता को संतुष्ट करना ही सरकार की प्राथमिकता है। कार्यक्रम के दौरान विभिन्न विभागों के मंत्री, मुख्य सचिव और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे, जबकि वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक जुड़े हुए थे।