बनियापुर में खेल क्रांति: राज्यपाल ने किया खेल सम्मान भवन का उद्घाटन
सारण के बनियापुर में राज्यपाल ने खेल सम्मान भवन का लोकार्पण किया, जो स्थानीय खिलाड़ियों के प्रशिक्षण का नया केंद्र बनेगा।

सारण जिले के बनियापुर में खेल प्रतिभाओं को निखारने के लिए एक ऐतिहासिक कदम उठाया गया है। सेल (SAIL) द्वारा कॉर्पोरेट सोशल रिस्पांसिबिलिटी (CSR) के तहत निर्मित नवनिर्मित खेल सम्मान भवन का विधिवत लोकार्पण राज्यपाल, लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) सैयद अता हसनैन ने किया। इस भवन के निर्माण से ग्रामीण अंचल के खिलाड़ियों को आधुनिक सुविधाएं और बेहतर प्रशिक्षण मिल सकेगा।
ऐतिहासिक पल का साक्षी बना बनियापुर
कार्यक्रम की शुरुआत बेहद भव्य समारोह के साथ हुई। राज्यपाल के आगमन पर उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर प्रदान किया गया। इसके पश्चात राष्ट्रगीत और राष्ट्रगान की धुनों के बीच राज्यपाल एवं अन्य अतिथियों ने दीप प्रज्ज्वलित कर समारोह का औपचारिक उद्घाटन किया। रिमोट के बटन से खेल सम्मान भवन का लोकार्पण होते ही स्थानीय खेल प्रेमियों और गणमान्य लोगों में भारी उत्साह देखने को मिला।
बनियापुर के विधायक केदारनाथ प्रसाद सिंह ने इस अवसर को क्षेत्र के लिए एक स्वर्णिम अवसर बताया। उन्होंने कहा कि आजादी के बाद यह पहली बार है जब बिहार के किसी राज्यपाल ने बनियापुर की धरती पर कदम रखा है, जो पूरे क्षेत्र के लिए अत्यंत गौरवपूर्ण क्षण है।
2036 ओलंपिक और बिहार के खिलाड़ियों का सपना
महाराजगंज के सांसद जनार्दन सिंह सिग्रीवाल ने राज्यपाल के प्रति आभार व्यक्त किया और बिहार की खेल मंत्री श्रेयसी सिंह के नेतृत्व की सराहना की। समारोह को संबोधित करते हुए खेल एवं उद्योग मंत्री श्रेयसी सिंह ने एक बड़ा राष्ट्रीय लक्ष्य साझा किया।
"प्रधानमंत्री का सपना है कि 2036 में भारत में ओलंपिक खेलों का आयोजन हो। इस राष्ट्रीय लक्ष्य को हासिल करने में बिहार और विशेषकर सारण के प्रतिभावान खिलाड़ियों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण हो सकती है।"
मंत्री ने आश्वस्त किया कि राज्य सरकार खिलाड़ियों को बेहतर अवसर देने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि यह खेल सम्मान भवन स्थानीय खिलाड़ियों के लिए व्यवस्थित प्रशिक्षण, बेहतर कोचिंग और राज्यस्तरीय प्रतियोगिताओं के आयोजन का एक प्रमुख केंद्र बनेगा।
खेल: समाज के विकास का सशक्त माध्यम
मुख्य अतिथि राज्यपाल सैयद अता हसनैन ने अपने संबोधन में खेल के व्यापक महत्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि खेल केवल शारीरिक गतिविधि नहीं है, बल्कि यह समाज के विकास और सकारात्मक बदलाव का एक सशक्त माध्यम है।
राज्यपाल के संबोधन की मुख्य बातें:
- खेल युवाओं में ऊर्जा का संचार करते हैं और उन्हें अनुशासन सिखाते हैं।
- यह समाज में सद्भाव और स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित करने की प्रेरणा देता है।
- इस भवन के निर्माण से जिले को खेल के क्षेत्र में एक नई पहचान मिलेगी।
राज्यपाल ने इस भवन के निर्माण में स्थानीय सांसद और विधायक की सक्रिय पहल की भी सराहना की। कार्यक्रम के समापन पर सारण के जिलाधिकारी वैभव श्रीवास्तव ने राज्यपाल, जनप्रतिनिधियों और सभी उपस्थित अतिथियों का धन्यवाद ज्ञापन किया।