सीवान में प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना की समीक्षा, किसानों की आय बढ़ाने और योजनाओं के बेहतर अभिसरण का कड़ा निर्देश

सीवान समाहरणालय के जिला सभागार में सोमवार को प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना की समीक्षा बैठक आयोजित की गयी। भारत सरकार के नागरिक उड्डयन मंत्रालय के संयुक्त सचिव-सह-नोडल पदाधिकारी असंगबा चुबा आओ ने बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में जिले में कृषि उत्पादन एवं उत्पादकता बढ़ाने, फसल विविधीकरण, सिंचाई सुविधाओं के विस्तार, मृदा स्वास्थ्य, उन्नत कृषि तकनीकों के प्रसार, किसानों की आय में वृद्धि तथा कृषि से जुड़ी विभिन्न योजनाओं के अभिसरण की समीक्षा की गयी।
कृषि योजनाओं की समीक्षा
जिला कृषि पदाधिकारी ने संबंधित विभागों का समेकित प्रस्तुतीकरण दिया। संयुक्त सचिव ने अधिकारियों को योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए समन्वित एवं परिणामोन्मुख कार्ययोजना के अनुरूप काम करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि केंद्र प्रायोजित और राज्य सरकार की योजनाओं का लाभ पात्र किसानों तक समयबद्ध तरीके से पहुंचना चाहिए। विभागीय योजनाओं के बेहतर अभिसरण से कृषि क्षेत्र के समग्र विकास को गति देने पर भी जोर दिया गया।
ऋण और सिंचाई पर विशेष जोर
उन्होंने किसानों के बीच उन्नत एवं नए प्रभेदों का व्यापक प्रचार-प्रसार करने तथा अधिकाधिक पात्र किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड के माध्यम से संस्थागत ऋण उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। कहा गया कि समय पर और सुलभ कृषि ऋण उपलब्ध होने से किसानों की अनौपचारिक ऋण व्यवस्था पर निर्भरता कम होगी। सिंचाई संसाधनों के समुचित उपयोग को लेकर जल संसाधन विभाग और लघु सिंचाई विभाग को आवश्यक कार्रवाई का निर्देश दिया गया। लघु सिंचाई विभाग के कार्यपालक अभियंता को विद्युत विभाग से समन्वय स्थापित कर मुख्यमंत्री निजी नलकूप योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए आवश्यक कार्रवाई करने को कहा गया। बैठक में जिलाधिकारी विजय प्रकाश मीणा, भारत सरकार के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय के विपणन एवं निरीक्षण निदेशालय के उप कृषि विपणन सलाहकार गजेंद्र सिंह, उप विकास आयुक्त अमिताभ सिंह सहित संबंधित जिला एवं प्रखंड स्तरीय पदाधिकारी मौजूद थे।