सीवान सदर अस्पताल की अग्निपरीक्षा: 13 विभागों की गुणवत्ता की जांच शुरू, 4 दिनों तक चलेगा एनक्यूएएस असेसमेंट

सीवान सदर अस्पताल को राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक (NQAS) के तहत प्रमाणन दिलाने की दिशा में एक बड़ी प्रक्रिया शुरू हो गई है। राज्य स्वास्थ्य समिति, बिहार के निर्देश पर अस्पताल के 13 महत्वपूर्ण विभागों का राज्य स्तरीय मूल्यांकन किया जा रहा है। यह असेसमेंट 24 सितंबर से शुरू होकर 27 सितंबर तक चलेगा।
चार दिनों तक चलेगा गुणवत्ता का महाअभियान
सदर अस्पताल के विभिन्न विभागों में स्वास्थ्य सुविधाओं, संसाधनों और व्यवस्थाओं की बारीकी से जांच की जाएगी। दो सदस्यीय राज्य स्तरीय टीम अस्पताल के हर उस पहलू को देखेगी जो मरीजों की सेवा से जुड़ा है। सिविल सर्जन डॉ. श्रीनिवास प्रसाद ने बताया कि यह मूल्यांकन केवल एक दिन का काम नहीं है, बल्कि चार दिनों तक अलग-अलग विभागों का विस्तृत निरीक्षण किया जाएगा।
इन 13 विभागों पर टिकी है नजर
असेसमेंट के दौरान अस्पताल के निम्नलिखित 13 विभागों की जांच की जाएगी:
- लेबर रूम और मैटरनिटी वार्ड
- पीडियाट्रिक्स (बाल रोग) ओपीडी और वार्ड
- एसएनसीयू (SNCU)
- एक्सीडेंट एंड इमरजेंसी
- एम-ओटी (M-OT) और ओटी (OT)
- ओपीडी (OPD) और आईपीडी (IPD)
- फार्मेसी और पीपीयू (PPU)
- जनरल एडमिनिस्ट्रेशन
चेकलिस्ट और मार्किंग का गणित
जांच के लिए एक विशेष चेकलिस्ट निर्धारित की गई है। विशेषज्ञों की टीम प्रत्येक बिंदु पर अस्पताल की वास्तविक स्थिति को देखकर अंक प्रदान करेगी। मार्किंग की व्यवस्था शून्य, एक और दो के स्तर पर रखी गई है। इससे यह स्पष्ट हो सकेगा कि कौन सा विभाग मानकों पर कितना खरा उतरता है।
मूल्यांकन के दौरान साफ-सफाई, दवाओं की उपलब्धता, चिकित्सा उपकरणों की स्थिति, कर्मचारियों की उपस्थिति, संक्रमण नियंत्रण और विभागीय प्रोटोकॉल जैसे मानकों की गहन जांच की जाएगी।
विशेषज्ञ टीम और जांच का उद्देश्य
इस महत्वपूर्ण असेसमेंट के लिए पीरामल स्वास्थ्य की असेसर गुंजन गौरव और राज्य स्वास्थ्य समिति की कंसल्टेंट-नर्सिंग डॉ. संपत्ति पाल को जिम्मेदारी सौंपी गई है। वे 24 से 27 सितंबर तक अस्पताल के विभिन्न हिस्सों का निरीक्षण करेंगी।
इस प्रक्रिया का मुख्य उद्देश्य यह तय करना है कि अस्पताल के कितने विभाग एन