सुपौल: डीएम ने सुनीं जनता की समस्याएं, अधिकारियों को दी सख्त चेतावनी

बिहार के सुपौल जिले में आम लोगों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए जिला प्रशासन लगातार सक्रिय है। इसी कड़ी में सोमवार को समाहरणालय में जिलाधिकारी सावन कुमार ने 'जन संवाद' कार्यक्रम का आयोजन किया। इस दौरान जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए फरियादियों ने अपनी समस्याओं और शिकायतों को सीधे जिलाधिकारी के समक्ष रखा।
45 आवेदनों पर हुई चर्चा
जन संवाद कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में लोग अपनी समस्याओं को लेकर पहुंचे। जिलाधिकारी को कुल 45 आवेदन पत्र प्राप्त हुए। इन आवेदनों में विभिन्न विभागों से संबंधित अलग-अलग मामले शामिल थे। फरियादियों ने प्रशासन से अपनी शिकायतों पर तत्काल कार्रवाई करने की मांग की।
अधिकारियों को सख्त निर्देश: 'औपचारिकता न बने जन संवाद'
जिलाधिकारी सावन कुमार ने प्रत्येक मामले को गंभीरता से सुना और संबंधित विभागों के अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जन संवाद में प्राप्त आवेदनों को केवल एक औपचारिकता के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि:
- प्रत्येक आवेदन की गहराई से जांच की जाए।
- मामलों का निपटारा नियमानुसार और त्वरित गति से किया जाए।
- शिकायतों के समाधान में अनावश्यक देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
- विभागीय स्तर पर जो समाधान संभव है, उसे तुरंत पूरा किया जाए।
"आम लोगों की शिकायतों का समयबद्ध निष्पादन जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।" - जिलाधिकारी सावन कुमार
प्रभावी निगरानी और त्वरित समाधान पर जोर
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को यह भी समझाया कि जिन मामलों में जांच की आवश्यकता है, उनमें निर्धारित प्रक्रिया के तहत जल्द से जल्द कार्रवाई पूरी की जाए। उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों को अपने-अपने विभागों से जुड़े आवेदनों के निष्पादन के साथ-साथ उनकी प्रभावी निगरानी सुनिश्चित करने का भी आदेश दिया।
जिला प्रशासन द्वारा आयोजित इस जन संवाद का मुख्य उद्देश्य आम जनता को सीधे प्रशासन तक पहुंच प्रदान करना और उनकी समस्याओं का प्रभावी समाधान सुनिश्चित करना है। सोमवार को प्राप्त सभी 45 आवेदनों को कार्रवाई के लिए संबंधित विभागों को भेज दिया गया है।