वैशाली नाव हादसा: 13 मासूमों के शवों का अंतिम संस्कार, मातम में डूबा बिहार

बिहार के वैशाली जिले में हुए भीषण नाव हादसे के बाद बुधवार को उन 13 मासूम बच्चों के शवों का अंतिम संस्कार किया गया, जिन्होंने गंगा नदी में डूबने से अपनी जान गंवा दी। इस हृदयविदारक घटना ने पूरे राज्य को झकझोर कर रख दिया है और पीड़ित परिवारों का रो-रोकर बुरा हाल है।
कैसे हुआ यह दर्दनाक हादसा?
जानकारी के अनुसार, यह हादसा मंगलवार रात करीब 8:30 बजे रघुपोर दियारा क्षेत्र के रामपुर श्यामचंद गांव के पास हुआ। एक नाव, जिसमें क्षमता से अधिक बच्चे सवार थे, अचानक गंगा नदी में पलट गई। बताया जा रहा है कि करीब 20 बच्चे एक पड़ोसी गांव में दावत (feast) में शामिल होकर वापस लौट रहे थे, तभी यह दुर्घटना घटित हुई।
बचाव अभियान और घायलों की स्थिति
हादसे की खबर मिलते ही राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (SDRF) ने गंगा नदी में बड़े पैमाने पर तलाशी और बचाव अभियान चलाया। वैशाली की जिलाधिकारी वर्षा सिंह ने बताया कि अब तक सात लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया है। इन बचाए गए लोगों को तत्काल नालंदा मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (NMCH) में भर्ती कराया गया है, जहाँ डॉक्टरों के अनुसार उनकी स्थिति फिलहाल स्थिर है।
राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री ने जताया गहरा शोक
इस त्रासदी पर देश के सर्वोच्च पदों से शोक की लहर दौड़ गई है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर अपनी संवेदनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि वैशाली में बच्चों की मौत की खबर अत्यंत दुखद है। उन्होंने शोक संतप्त परिवारों के प्रति अपनी गहरी सहानुभूति प्रकट की है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है। प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) के अनुसार, पीएम मोदी ने मृतकों के परिजनों के लिए प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (PMNRF) से 2 लाख रुपये की आर्थिक सहायता और घायलों के लिए 50,000 रुपये की सहायता राशि की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि इस कठिन समय में उनकी संवेदनाएं पीड़ित परिवारों के साथ हैं।
मुआवजे का ऐलान और राजनीतिक प्रतिक्रिया
बिहार सरकार की ओर से भी राहत की घोषणा की गई है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मृतकों के परिवारों के लिए 4 लाख रुपये की सहायता राशि देने का निर्णय लिया है।
वहीं, बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता और रघोपुर के विधायक तेजस्वी यादव ने भी इस घटना पर गहरा दुख जताया है। उन्होंने जानकारी दी कि नाव में करीब 30 लोग सवार थे और वापसी के दौरान यह हादसा हुआ। उन्होंने बताया कि अब तक 14 शव बरामद किए जा चुके हैं और कई लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।